सन् 2025 भारत के लिए एक ऐतिहासिक और परिवर्तनकारी वर्ष रहा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कई बड़े आर्थिक सुधार और नीतिगत निर्णय लागू किए गए, जिन्होंने देश की विकास दिशा को मजबूती दी।
इस पोस्ट में हम इन उपलब्धियों को सरल भाषा में, मुख्य बिंदुओं के साथ समझेंगे।
1.आयकर में बड़ा सुधार (Tax Relief)
2025 में सरकार ने आम नागरिकों और मध्यम वर्ग के लिए आयकर में बड़ा बदलाव किया।
अब ₹12 लाख तक की आय पर टैक्स नहीं लगता, जिससे लाखों परिवारों को राहत मिली।
टीडीएस/टीसीएस की लिमिटें बढ़ाई गईं, जिससे छोटे निवेशकों और कर्मचारियों का टैक्स बोझ कम हुआ।
लाभ– लोगों की जेब में अधिक पैसा बचा, जिससे खर्च और बचत दोनों बढ़े।
2. GST-2.0 — टैक्स व्यवस्था को नया रूप
GST प्रणाली को GST 2.0 के रूप में अपडेट किया गया।
टैक्स स्लैब और नियमों को सरल किया गया।
छोटे व्यवसायों के लिए compliance-बोझ कम हुआ।
डिजिटल और आसान filing-सिस्टम लागू हुआ।
लाभ– व्यापारियों को टैक्स में सुविधा, देश में टैक्स बेस में सुधार।
3. कानूनों का सरलीकरण (Simplification of Laws)
सरकार ने 2025 को “Reform Year” कहा और कानूनों को आसान बनाया।
71 पुराने कानून हटाए या संशोधित किए गए।
29 अलग-अलग श्रम कानूनों को मिलाकर 4 नए Labour Codes लागू किए गए।
लाभ
कारोबारों को नए नियमों के साथ तेज़ी से काम करने में मदद मिली
मजदूरों को बेहतर सुरक्षा मिली।
4.ग्रामीण रोजगार कानून — Viksit Bharat Act
संसद ने दिसंबर 2025 में एक नया ग्रामीण रोजगार कानून लागू किया
“Viksit Bharat–Guarantee for Rozgar and Ajeevika Mission (Gramin) Act, 2025”
इसके तहत हर ग्रामीण परिवार को वर्ष में 125 दिनों का रोजगार गारंटी के रूप में दिया जाएगा — पूर्व में यह 100 दिन था।
यह MGNREGA को बदलकर एक नई, अधिक सक्रिय और विकास-उन्मुख योजना बनाता है।
लाभ
ग्रामीणों को सुनिश्चित आय।
ग्रामीण क्षेत्रों में इंफ्रास्ट्रक्चर विकास।
5. निवेश वृद्धि और आर्थिक मजबूती
2025 में निवेश को बढ़ावा देने वाली नीतियाँ लागू हुईं।
FDI (विदेशी निवेश) को आसान बनाया गया।
स्टार्ट-अप्स और तकनीक क्षेत्र को समर्थन मिला।
वैश्विक निवेशकों का ध्यान भारत की ओर बढ़ा।
भारत की आर्थिक वृद्धि दर 7% से ऊपर रहने का अनुमान रहा है, जिससे देश तेज़ विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
PM मोदी ने खुद कहा कि इन सुधारों के कारण आर्थिक मंच पर भारत का भरोसा और निवेश आकर्षण बढ़ा है।
लाभ
अर्थव्यवस्था में वृद्धि की गति तेज़ हुई।
नए रोजगार के अवसर बने।
कुल मिलाकर 2025 की आर्थिक उपलब्धियाँ
कर व्यवस्था सरल और लाभकारी हुई
व्यापार और निवेश के लिए अनुकूल माहौल
ग्रामीण रोजगार को कानूनी गारंटी
नए श्रम कोड और आसान कानून
भारत की अर्थव्यवस्था को वैश्विक मंच पर मान्यता
निष्कर्ष
साल 2025 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकास, सुधार और समावेशी वृद्धि का वर्ष रहा।
इन सुधारों ने न सिर्फ आर्थिक गतिविधियों को नई दिशा दी, बल्कि आम नागरिकों, किसानों, मजदूरों और व्यवसायों को भी व्यापक लाभ पहुँचाया।